इन 2 लोगों ने की आखिरी रस्में, एनकाउंटर में मारे गए बदमाश के शव को परिवार ने लेने से किया मना

गन्नौर : शामली जिले में पुलिस और कुख्यात कग्गा गैंग के बीच हुए एनकाउंटर में मारे गए खरखौदा के रोहट गांव का रहने वाले मंजीत के शव को खेड़ी बिलंदपुर में सुपुर्द ए खाक किया गया। मंजीत खेड़ी बिलंदपुर में अपने जीजा फारुख के साथ रहता था। उसकी बहन बबली ने करीब 3 साल पहले फारुख के साथ शादी कर ली थी। मंजीत अपने भाई राजेश की हत्या के आरोप में उम्रकैद की सजा काट रहा था। करीब दो साल पहले मंजीत भी अपने जीजा फारुख के घर आ कर रहने लगा था।

दिसंबर 2023 में अदालत ने उसे दोषी ठहराया था। पैरोल पर बाहर आने के बाद मंजीत फरार हो गया और कग्गा गैंग के संपर्क में आकर अपराधी बन गया था। उसकी मौत के बाद उसके परिवार ने शव लेने से शव लेने से मना कर दिया था। जिस वजह से उसके जीजा फारुख व बहन बबली मंजीत के शव को खेड़ी बिलंदपुर ले कर आए। बुधवार को गांव के कब्रिस्तान में मंजीत के शव को मुस्लिम रिवाज से दफनाया गया। गांव से मिली जानकारी अनुसार मंजीत का विवाह भी उसके जीजा फारुख ने करवाया था। शादी से उसे एक बेटा है। अब मंजीत की मौत के बाद उसकी पत्नी व बहन गहरे सदमे में है।

NEWS SOURCE Credit : punjabkesari

Related Articles

Back to top button