जे.सी. बोस विश्वविद्यालय में व्यवसायिक विचार प्रतियोगिता द्वारा छात्रों की उद्यमशीलता को दिया गया बढ़ावा

Faridabad : 26 अगस्त। जे.सी. बोस विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, वाईएमसीए, फरीदाबाद के संस्थान नवाचार परिषद (आईआईसी) एवं बौद्धिक संपदा अधिकार, नवाचार और इनक्यूबेशन/स्टार्ट-अप प्रभाग के सहयोग से अंतर/अंतर्विश्वविद्यालय पिच चैलेंज – बिजनेस आइडिया प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य छात्रों में रचनात्मकता, समस्या समाधान और उद्यमिता कौशल को बढ़ावा देने के लिए मंच प्रदान करना था।
प्रतियोगिता में प्रतिभागियों का मूल्यांकन पांच व्यापक मानदंडों के आधार पर किया गया, जिनमें नवाचार और रचनात्मकता, समस्या की प्रासंगिकता, व्यवहार्यता और व्यवसाय मॉडल, बाजार संभावना और प्रभाव, तथा प्रस्तुति की गुणवत्ता शामिल थे। इस संरचित मूल्यांकन ने यह सुनिश्चित किया कि प्रतिभागियों का मूल्यांकन उनकी रचनात्मकता और उनके उद्यमों की व्यावहारिकता दोनों के लिए किया जाए। आयोजन का मूल्यांकन सुश्री सलोनी कौल और श्री नीरज सुरु ने किया, जिनके विशेषज्ञता और रचनात्मक प्रतिक्रिया ने प्रतिभागियों के अनुभव को समृद्ध किया, जिससे उन्हें अपने व्यवसाय मॉडल को बेहतर बनाने और उद्यमिता लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहन मिला।
विभिन्न विषयों के छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और प्रौद्योगिकी आधारित समाधानों से लेकर स्थिरता और सामाजिक प्रभाव वाले उद्यमों तक विविध विचार प्रस्तुत किए। प्रत्येक टीम ने अपनी दृष्टि, बाजार अनुसंधान और स्केलिंग रणनीतियों को व्यक्त करने में सराहनीय प्रयास किए।
प्रतियोगिता में 33 टीमों के मूल्यांकन के बाद छात्रों को उनकी उत्कृष्ट प्रस्तुति के लिए सम्मानित किया गया। प्रथम पुरस्कार मेघा चौहान और नयन सिंघल की टीम विजनॉट्स ने जीता। इसी तरह, द्वितीय पुरस्कार मोनिका भारद्वाज और अरुण पंडित की टीम क्यूबिट्रॉन को और तृतीय पुरस्कार विपिन गोयल की कैंपस मार्ट और निखिल मिश्रा की यूनिमोब को प्रदान किया गया।
पुरस्कार वितरण समारोह में प्रो. एस.के. तोमर, कुलगुरु , जे.सी. बोस विश्वविद्यालय, प्रो. संजीव गोयल (प्रभारी, आईआईआईएस), डॉ. रश्मि अग्रवाल (अध्यक्ष, आईआईसी), डॉ. पूनम (उपाध्यक्ष, आईआईसी), और संकाय समन्वयक डॉ. पायल गुलाटी और डॉ. सोनम खेरा उपस्थित थे। उन्होंने विजेताओं को बधाई दी और सभी प्रतिभागियों की उद्यमिता भावना की सराहना की। विजेता टीमों को प्रमाण पत्र और पुरस्कार प्रदान किए गए, जिससे उनकी उपलब्धियों को मान्यता दी गई और उन्हें अपनी उद्यमिता जारी रखने के लिए प्रेरित किया गया।




